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मैं पूरा पसीना पसीना हो गया था हालांकी आयशा ने फेन भी चालू कर दिया था थोड़ी देर मे आयशा बस बस करने लगी और दुबारा झड़ कर मुझसे ज़ोर से बस..बस करके मुझसे ज़ोर से चिपक गयी और बुरी रह फिर झड़ गयी टाइट चूत जल्दी झड़ती है मुझे लगा की मैं भी झड़ जाऊंगा मैने अपना लंड बाहर निकाला जो आयशा के पानी से नाहया हुआ था आयशा ने तुरंत लंड को मुँह मे भर लिया और जल्दी-जल्दी चूसने लगी फिर मेरे लंड से वीर्य की तेज धार निकली और आयशा अपनी आँख बंद करके मेरा सारा वीर्या पी गयी फिर उसने लंड को दबा-दबा कर सारा वीर्य निचोड़ लिया और चाट गयी आयशा बहुत संतुष्ट लग रही थी उसने कहा भैया अब आप जाओ मैने अपने आप को साफ किया और जल्दि से कपड़े पहन कर निकल गया आयशा अभी भी बिना कपड़ो के लेटी हुई थी.
जिंदगी की राहों में रंजो गम के मेले हैं.
भीड़ है क़यामत की फिर भी हम अकेले हैं.
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स तरह मैने पहली बार आयशा को चोदा और वापस बारात मे शामिल हो गया और किसी को पता नही चला ये सब काम मैं आधे घंटे मे करके वापस आ गया था किसी ने नही पूछा की कहा थे बारात पहुंचने मे अभी भी टाइम था कुछ ही देर मे आयशा भी वहां आ गई मैने उसकी तरफ देखा उसकी भी नज़रे मिली वो मुस्कुराई मैने अनदेखा कर दिया मैने सोचा किसी को शक ना हो ज़ाये बारात अब पहुँचने वाली थी वहा पहुँच कर हम लोग खाना खाने मे बिजी हो गये आयशा भी मेरे पास खड़ी होकर खाना खा रही थी मैं एक बार और आयशा को चोदने का प्लान बनाने लगा क्योक़ि अभी जल्दी जल्दी मे मज़ा नही आया और अब मैने सोचा अब मौका मिला तो कन्डोम लगा कर चोदूगां पर उसके लिये आयशा से बात करनी ज़रूरी थी पर ये मौका नही मिल रहा था.
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करीब 7 बजे शादी हो गई सब घर जा रहे थे तब मैने आयशा को बुलाया और कहा आयशा कुछ काम है वो बोली आपका काम हो गया अब क्या काम है उसकी आवाज़ मे थोड़ी नाराजगी थी मैने कहा अरे यार नाराज़ मत हो मज़ा नही आया तुम भी जल्दी मे थी कुछ और प्लान बनाओ ना उसने कहा तुम्हे प्लान सूझ रही है मेरी सूज गई है अभी भी दर्द है कितनी ज़ोर से किया है प्लीज़ अबकी बार आराम से करूँगा और पहली बार तो दर्द होता ही है मैने कहा प्लीज़ मान जाओ तुम तैयार हो तो मैं कुछ ना कुछ कर लूँगा उसने कहा मैं नही जानती आप जानो आपका काम जाने मैने कहा ठीक है.
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रात को रिशेप्शन था हम लोग तैयार हो रहे थे तब आयशा उसी कमरे मे घुसी जहाँ मैने उसे चोदा था शायद तैयार होने गई थी हम जल्दी तैयार हो कर रिशेप्षन हॉल मे पहुँच गये कुछ देर बाद आयशा भी पहुँच गई उसने ब्लू कलर का लंहगा पहना था क्या सेक्सी लग रही रही थी वो चोली मे उसके क्लवेज अब और साफ साफ नज़र आ रहे थे मैने उसके पास जाकर कहा बहुत प्यारी लग रही हो उसने कहा अच्छा जी तुम्हे तो हरदम यही सूझता रहता है मैने कहा क्या प्रोग्राम है उसने कहा किस बात का मैने कहा जो बात बची है उसने कहा कोई बात नही बाकी और कोई मौका भी नही है मेने कहा अभी घर मे सब लेटे है सब इतना थक गये है की कोई यहा आना नही चाहता मैने कहा मेरे पास प्लान है उसने कहा आपका दिमाग़ कही और भी चलता है की दिन भर यही बाते सोचते हो मैने कहा तुम अगर पास होगी तो और क्या होगा.
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मैने कहा रात को मैं प्लान बताऊंगा तो वो बोली ठीक है देखते है रिशेप्शन ख़त्म हो गया और हम घर आ गये मैने धीरे से आयशा से कहा कहा सोओंगी कहाँ ? वही बच्चो के साथ मैने कहा ठीक है मैं आऊंगा रात 1 बजे मैं उठा और आयशा के कमरे की तरफ गया उसका दरवाजा खुला था मैने आयशा को उठाया वो हड़बड़ा गई लेकिन मुझे देखते ही चुप हो गयी उस समय आयशा नाइटी मे थी मैने उसे इशारे से पीछे आने को कहा मै उसे सीधे छत पर ले गया वो बोली ये क्या है भैया यहा क्यो लाये हो मैने कहा कोई कमरा खाली नही है इसलिये वो बोली ज़रूरत क्या थी दोपहर को कर तो लिया था ना मैने कहा मज़ा नही आया वो बोली यहाँ कहाँ होगा मैने उसे दिखाया वहा पर पानी की टंकी और छत की पिंजरी के बीच में कुछ जगह थी जहा मैने पहले से एक कंबल लगा रखा था दिसम्बर का महीना था और ठंड अपने जोरो पर थी इसलिये कंबल ओढ़ने के लिये मिला था.
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से मै उपर ले आया और बिछा दिया वो बोली भैया बहुत बदमाश हो मैने छत का दरवाजा अंदर से बंद किया और दोनो बैठ गये उसने कहा भैया नाइटी मत उतारना ऐसे ही कर लो मैने कहा ठीक है अब वो बिना किसी टेन्शन के लेट गई मैने उसकी टांगो से उसकी नाइट उपर की और उसकी पेंटी को उतार दिया और उपर की ब्रा भी खोल दी और उसके बूब्स को आज़ाद कर दिया वो बोली कुछ मत निकालो ना मैने कहा कैसे होगा तो तब उसने अपनी नाइटी उपर तक उठा दी बूब्स तक वो पूरी नंगी हो गई थी मैने लोवर और बनियान पहनी थी दोनो निकाल दिये मेरा लंड तो तना हुआ था वो आयशा के बिल मे जाने के लिये तड़प मार रहा था उपर छत पर टेंट लगा था और चारो ओर से कवर था इसलिये कही से कोई देखने का खतरा नही था.
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अब मैने आयशा को चूमना शुरू किया और बूब्स चूसने और दबाने लगा हवा थोड़ी उन पर्दो से हल्की हल्की आ रही थी और हम दोनो को मधहोश कर रही थी अब हम दोनो उस खेल मे इतना खो गये की हमें होश ही नही था की हम लोग कहाँ है मै उसे अब भी प्यार कर रहा था उसकी चूत अब पूरी तरह गीली हो चुकी थी तो वो बोली भैया पहले जीभ से प्यार करो ना मेने झुक कर उसकी पूरी चूत को मुँह मे भर लिया और आम की तरह चूसने लगा फिर नीचे से लेकर उपर तक जीभ से चाटने लगा अब वो मुझे उपर की तरफ खींचने लगी तो मैने अपने तने हुये लंड को उसकी चूत पर रख कर अंदर डालने लगा उसने टाँगे और फैलाई लंड को अंदर लेने की कोशिश करने लगी और अपनी गांड उठा रही थी मैने उसकी टाँगे मोड़ दी और दंड पेलने की तरह उसे चोदने लगा लंड धीरे धीरे अन्दर जा रहा था और वो स्सस्सस्स कर रही थी लंड पूरा का पूरा अन्दर जा चुका था.
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अब मैने जोर लगाना शुरू कर दिया फिर आयशा को अपने उपर ले लिया और उसकी नाइटी उतार दी अब उसके बूब्स को मसलते हुये मैने उसे उपर नीचे होने को कहा और वो ऐसा करने लगी बहुत देर तक ऐसा ही चलता रहा कभी वो उपर या नीचे होती वो मेरे उपर थी की वो झड़ गई अब मैने उसे नीचे किया और फिर उसे ज़ोर ज़ोर से चोदने लगा और वो बोलने लगी डार्लिंग क्या खा कर आये हो मैने कहा कुछ नही तुम्हारा प्यार है और मेरी स्पीड बरकरार थी फिर हम एक साथ ही झड़ गये मेरा गर्म–गर्म वीर्य उसके गर्भ मे गिर रहा था और वो आँख बंद कर आनंद मे डुबी हुई थी हम दोनो अलग हुये तो देखा आयशा अभी भी लंबी लंबी साँसे ले रही मैने पूछा क्या हुआ वो थक गई थी वो बोली अब मैं जा रही हूँ मैने कहा जल्दी क्या है.
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मैने उसे दूसरी बार चोदने के लिये मनाया बहुत कहने पर मान गई और फिर उसके उपर चढ़ गया दोनो झड़ कर शांत हुये तो मैने कहा अब कब मिलेगे ज़ान एक बार और दे दो वो बोली तुम्हारा दिल नही भरने वाला मे तो चली मेने उसके प्यारे मुँह को चूमा और कहा की क्या तुम अपने भैया से सच्चा प्यार नही करती वो बोली आप तो मेरे दिल मे बसे हो लेकिन वक़्त का भी तो ख्याल करो सवेरा होने वाला है यह कह कर उसने उसकी नाइटी से अपनी चूत साफ की और टाँगे उठा कर बोली की एक बार और ले लो पर जल्दी कर लो अब मैने फिर से उसे जम कर चोदा और हम दोनो संतुष्ट हो गये अब हम दोनो ने कपड़े पहने और नीचे आ गये उस समय सुबह के 5 बज चुके थे कही कोई उठ ना जाये इसलिये दोनो जाकर सो गये.
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सुबह मै देर तक सोता रहा जब उठा तो घर मे काफ़ी शोर था सब मेहमान वापस जाने की तैयारी कर रहे थे पर आयशा कही दिखाई नही दे रही थी मेरी निगाहे उसे ढूंढ रही थी फिर मैने सोचा की वो अभी तक सो रही होगी पर थोड़ी देर मे देखा आयशा मेरी तरफ ही आ रही थी वो मुझसे बोली भैया चलो हम भी घर चले मेने थोड़ा सा नज़दीक हो कर कान मे कहा की आज भी यहीं रुक जाते है और उसकी तरफ आँख मार दी उसने मेरी तरफ नाक मरोड़ कर कहा,” लगता है यहाँ ज़्यादा ही दिल लग गया है पराये घर मे ये सब रिस्की है चलो घर जा कर मौका निकाल लेंगे मे बोला की अच्छा ये बताओ दिन वाली मूवी अच्छी थी या रात वाली वो मुस्कुराई और बोली दोनो अच्छी थी मैने कहा ज्यादा अच्छी कौन सी थी वो शरमाते हुये बोली रात वाली मैने कहा ठीक है तो जल्दी चलो वो बोली घर चल कर मम्मी पापा का ध्यान रखना कहीं जाते ही ना मुझ पर टूट पड़ना.
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मेने कहा अच्छा बाबा जैसा कहोगी वैसे करूँगा और अपने घर मे ही रात वाली मूवी देखेंगे मेरी चुदाई से आयशा का चेहरा खिल उठा था घर पहुँचे तो मम्मी ने कहा हम तुम्हारा ही इंतज़ार कर रहे थे कल अमावस्या है में तेरे पापा के साथ मे हरिद्वार जा रही हूँ गंगा स्नान करके कल आयेगे हम दोनो की खुशी छुपाये ना छुप रही थी मम्मी ने हिदायत दी की तुम घर पर ही रहना आयशा को अकेले घर पर छोड़ कर ना जाना मेने कहा ठीक है मम्मी मैं आयशा का पूरा ख्याल रखूँगा आयशा मंद-मंद मुस्कुरा रही थी जैसे ही मम्मी पापा घर से निकले तो मम्मी ने कहा की अंदर से दरवाजा बंद करके रखना मे अंदर से दरवाजा बंद करके जैसे ही मुड़ा तो आयशा दौड़ कर मुझसे लिपट गयी और बोली लो भैया वहाँ की सारी कमी पूरी कर लो मे बिल्कुल मना नही करूँगी.
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मे बोला की आयशा शादी मे तू गांड मटका-मटका कर चलती थी तो मेरा दिल तेरी गांड मारने का बहुत करता था आज तो पहले मे तेरी गांड मारूँगा ठीक है भैया अब मेरी चीख भी निकली तो किसी को सुनाई नही देगी मेरा दिल भी गांड मरवाने को करता है मे फटाफट आयशा को बेड पर ले गया और अपने कपड़े उतार दिये आयशा ने भी जीन्स और टॉप उतारे और घोड़ी बनकर मेरे खड़े लंड को देखने लगी उसने पेंटी और ब्रा नही पहने थे मेरे सामने उसके चौड़े और भारी नितंभ थे मेने पीछे से उसके चिकने मसल कूल्हे पकड़े और गांड का चुम्मा लिया फिर मे गांड को पागलो की तरह चाटने लगा आयशा के मुँह से लगातार सिसकियां निकल रही थी.
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मैंने थूक लगाया और लंड को उसकी चूत में डालकर उसे चोदा।
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हमने मम्मी पापा के आने तक ना दिन देखा ना रात बस चुदाई मे लगे रहे जैसे 2 दिन बाद दुनिया का अंत होने वाला हो उसके बाद तो आयशा को मेरे लंड का ऐसा चस्का लगा है की मम्मी पापा के सोने के बाद वो रोज़ मेरे कमरे मे आ जाती है और सुबह तक चुदाई चलती है फिर चुपके से अपने रूम मे चली जाती है
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(18-11-2020, 01:12 PM)neerathemall Wrote: बेगानी शादी मे बहन की चुदाई
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