Thread Rating:
  • 2 Vote(s) - 3 Average
  • 1
  • 2
  • 3
  • 4
  • 5
Romance शिवानी और प्रिंस की प्रेम कहानी
#9
अहमद की वापसी के बाद घर का माहौल और तनावपूर्ण हो गया था। प्रिंस बाहर से शांत दिखता, लेकिन अंदर से जल रहा था। वो शिवानी को देखता, उसके बड़े होते पेट को देखता, और मन ही मन सोचता – “ये बच्चा किसी और का है… फिर भी मैं इसे अपना मान रहा हूँ।” शिवानी का अपराधबोध चरम पर था। वो प्रिंस को खुश रखने की कोशिश करती, लेकिन रातें अब पहले जैसी नहीं थीं। प्रिंस अब उसे छूता भी तो सावधानी से, जैसे कोई नाजुक चीज हो।
एक रात बारिश हो रही थी। पटना की सड़कें खाली। प्रिंस कंपनी से लौटा, भीगा हुआ। शिवानी ने उसे तौलिया दिया। प्रिंस ने उसे देखा – शिवानी लाल नाइट गाउन में, पेट उभरा हुआ, स्तन भरे हुए, निप्पल्स कपड़े से साफ दिख रहे थे। प्रिंस की आँखों में अचानक वो पुरानी आग भड़क उठी। वो शिवानी को दीवार से सटा दिया। “शिवानी… आज मैं रुक नहीं सकता। मैं तुझे चाहता हूँ… पूरी तरह… जैसे पहले।”
शिवानी की साँसें तेज हो गईं। “प्रिंस… बच्चा… डॉक्टर ने कहा है…” लेकिन प्रिंस ने उसके होंठ दबा दिए। चुंबन जंगली था – जीभें लड़ रही थीं, दाँत कट रहे थे। प्रिंस ने नाइट गाउन ऊपर खींचा, शिवानी की ब्रा नहीं थी। उसके भरे हुए स्तन बाहर आ गए – निप्पल्स गहरे गुलाबी, दूध की बूँदें टपक रही थीं। प्रिंस ने एक स्तन मुँह में लिया, जोर से चूसने लगा। शिवानी चीख उठी, “आह… प्रिंस… दूध… चूसो… जोर से…” दूध उसके मुँह में आ रहा था, प्रिंस और पागल हो गया। वो दोनों स्तनों को बारी-बारी चूस रहा था, काट रहा था। शिवानी की सिसकारियाँ कमरे में गूँज रही थीं।
प्रिंस ने शिवानी को बेड पर लिटाया। उसकी टाँगें फैलाईं। नाइट गाउन पूरी तरह ऊपर। शिवानी की चूत गीली हो चुकी थी, गर्भावस्था की वजह से और ज्यादा संवेदनशील। प्रिंस ने अपनी जीभ अंदर डाली, क्लिटोरिस को चूसने लगा। शिवानी चिल्लाई, “प्रिंस… उफ्फ… हाँ… चाटो… मेरी चूत… आह… बच्चा हिल रहा है… लेकिन रुको मत…” प्रिंस ने उँगलियाँ अंदर डालीं – तीन उँगलियाँ, तेज-तेज अंदर-बाहर। शिवानी का शरीर काँप रहा था, वो झड़ गई – चूत से गरम पानी निकला।
प्रिंस ने अपना लंड निकाला – पहले से ही सख्त, मोटा, नसें फूली हुईं। वो शिवानी के पेट को देख रहा था, लेकिन अब रुकने का मन नहीं था। “शिवानी… मैं साइड से करूँगा… ताकि बच्चे पर दबाव न पड़े।” वो शिवानी को साइड में लिटाया, पीछे से लिपटा। लंड चूत पर रगड़ा, फिर धीरे से अंदर डाला। शिवानी चीखी, “आह… प्रिंस… इतना मोटा… गहरा मत… लेकिन… और डालो…” प्रिंस ने पूरा अंदर कर दिया। धक्के शुरू – धीमे लेकिन गहरे, पीछे से। शिवानी की गांड प्रिंस की जाँघों से टकरा रही थी।
“फक मी… प्रिंस… जोर से… मैं तुम्हारी हूँ… सिर्फ तुम्हारी…” शिवानी चिल्ला रही थी। प्रिंस ने स्पीड बढ़ाई, एक हाथ से उसके स्तन दबा रहा था, दूध निकल रहा था। दूसरा हाथ क्लिट पर – रगड़ रहा था। शिवानी फिर झड़ गई, चूत सिकुड़ रही थी लंड के चारों ओर। प्रिंस ने बाल पकड़े, कान में फुसफुसाया, “तेरी चूत… अब भी टाइट है… बच्चा होने के बाद भी… मैं तुझे हर रात ऐसे ही चोदूँगा।”
प्रिंस ने पोजीशन बदली। शिवानी को घुटनों पर बैठाया – डॉगी स्टाइल, लेकिन सावधानी से। पेट नीचे, गांड ऊपर। प्रिंस पीछे से फिर अंदर। अब धक्के जोरदार। थप-थप की आवाज, शिवानी की चीखें – “आह… प्रिंस… मेरी गांड… थप्पड़ मारो… हाँ… जोर से…” प्रिंस ने गांड पर थप्पड़ मारे, लाल निशान पड़ गए। लंड चूत में तेज-तेज। शिवानी रो रही थी मजा से, “प्रिंस… कम इनसाइड… मुझे तुम्हारा स्पर्म चाहिए… बच्चे के साथ… तुम्हारा भी महसूस हो…”
प्रिंस ने जोर का धक्का मारा, गरम स्पर्म अंदर छोड़ दिया। दोनों थक कर लेट गए। लेकिन शिवानी अभी रुकी नहीं। वो प्रिंस के लंड को मुँह में ले लिया – क्लीनअप, लेकिन फिर चूसने लगी। प्रिंस फिर सख्त हो गया। इस बार शिवानी ऊपर चढ़ी – लेकिन सावधानी से, पेट को सपोर्ट देकर। वो उछल रही थी, लंड अंदर-बाहर। “प्रिंस… देखो… मैं अभी भी तुम्हारी रंडी हूँ… चोदो मुझे… हार्ड…” प्रिंस नीचे से धक्के मार रहा था, स्तनों को दबा रहा था।
रात भर चुदाई चलती रही। बारिश की आवाज के साथ उनकी सिसकारियाँ मिक्स हो रही थीं। बीच में ब्रेक – प्रिंस ने शिवानी के स्तनों से दूध चूसा, शिवानी ने प्रिंस के लंड को फिर चूसा। अंत में दोनों पसीने, स्पर्म और दूध से तर। प्रिंस ने शिवानी को गले लगाया, पेट पर हाथ रखा। बच्चा हिला। प्रिंस बोला, “शिवानी… ये बच्चा… चाहे किसी का भी हो… लेकिन तू मेरी है। मैं तुझे कभी नहीं छोड़ूँगा।”
शिवानी रो पड़ी – खुशी के आँसू। “प्रिंस… थैंक यू… मैं तुम्हें कभी नहीं छोड़ूँगी।” लेकिन मन में एक छोटा सा डर था – अहमद अभी भी पटना में था। क्या वो वापस आएगा? क्या बच्चे का जन्म सब बदल देगा?
Like Reply


Messages In This Thread
RE: शिवानी और प्रिंस की प्रेम कहानी - by Shivani4u - Yesterday, 07:26 AM



Users browsing this thread: 7 Guest(s)