04-01-2026, 03:00 PM
अभिनव ने सदफ़ के बुर्के को ऊपर उठाया कर अपना लण्ङ उसकी चूत में घुसाने वाला ही था कि सदफ ने अपने आप को छुटा कर मुझे घर चलने को कहा ही था कि अभिनव ने सदफ को अपनी और जोर से खींच अपने होंठों को उसके होंठो पर रख दिए और चूसने लगा अभिनव की इस हरकत को सदफ जब तक समझती अभिनव ने सदफ को दीवार से सटा बुर्के पर ही झटके मारने शुरू कर दिया थे । उसके हाथ सदफ की कमर पर थे उसने सदफ की गर्दन को फिर से चूमने लगा, सदफ की पकड़ ढीली होते ही अभिनव ने बुर्का ऊपर कर लन्ड सदफ की चूत में उतार दिया और पेलने लगा। शराब के नशे में उसके झटके अलग ही रफ्तार से लग रहे थे सदफ बेचैन हो अभिनव की गर्दन में दांत गढ़ा रही थी पर रफ्तार में कोई कमी नहीं आई मैने अभिनव को कंडोम चढ़ाने को बोला तो उसने सदफ को जमीन पर लिटा कंडोम चढ़ा फिर से पेलने लगा। मेरा लन्ड सदफ को चोदते देख खड़ा हो गया। मैने सदफ को गांड़ मारने का इशारा किया पर उसके मना करने पर मैने कुछ नहीं कहा।
करीब पंद्रह मिनट बाद अभिनव ने अपना सारा पानी निकाल दिया। और सदफ के बगल में आकर लेट गया। सदफ ने बुर्का पहना और में उसको कार में बैठा उसके घर छोड़ आया।
सदफ अपने कमरे में जाते ही बुर्का उतारा और एक कपड़े से अपने आप को पूछा वीर्य के निशान साफ किए और वापस कपड़े पहन बिस्तर पर लेट गई।
और यही सबसे बड़ी गलती हुई जिस यूसुफ से बचने के चक्कर मे सदफ अभिनव से चूद कर आई थी वो बैठा रूम में सब देख रहा था ।
अगले दिन सुबह की नमाज पूरी होते ही यूसुफ सदफ के कमरे में आया इतनी सुबह यूसुफ को अपने कमरे में देख सदफ सकपका गई, यूसुफ सदफ के बिस्तर पर अपना पजामा उतार लेट गया। और सदफ को लेटने का इशारा किया।
सदफ को लगा शायद उसको कल नंगी देख ये ज्यादा उत्तेजित हो गया होगा, पर वो धीरे आवाज में बोला जल्दी आकर लेट ज्यादा वक्त नहीं है हमारे पास।
सदफ बोली नीचे जाओ तुम अभी पजामा पहन कर। इस पर यूसुफ ने सदफ के हाथ को पकड़ बिस्तर पर लिटाया और उसके कान में कुछ बोला उसके बोलते ही सदफ ने अपनी सलवार का नाडा खोल दिया और बिस्तर में उसके पास जाकर लेट गई।
यूसुफ ने अपने होंठों को सदफ के होंठों पर रखकर अपना मूसल सदफ की चूत में घुसा दिया। सदफ की चीख उसके मुंह में ही रह गई। करीब पांच मिनट बाद यूसुफ ने पिचकारी सदफ को चूत में मार दी। और निढाल होकर पड़ गया।
इतनी सुबह जबरदस्त चुदाई से सदफ़ का रोम रोम दुःख रहा था। यूसुफ सदफ की चूचियों को दबा रहा था और उसकी पीठ चूम रहा था, सदफ जानती थी कि वो राउंड टू की तैयारी कर रहा है, यूसुफ ने सदफ के पैरों को मोड़ कर उसके पेट पर रख दिया जिससे उसकी चूत की फांके खुल गई यूसुफ नीचे झुककर सदफ की चूत चाटने लगा सदफ का जिस्म काप रहा था थोड़ी देर में सदफ कमर ऊपर कर अपनी चूत उसके मुंह पर रगड़ने लगी, यूसुफ ने दोनों हाथों से सदफ की कमर को पकड़ सदफ को चूत को और जोश से चाटने लगा कुछ ही देर में सदफ ने जिस्म ने छटपटा कर सारा पानी उसके मुंह पर निकाल दिया।
यूसुफ अभी भी सदफ की चूत चाट रहा था , सदफ निढाल हो पड़ी थी पर यूसुफ लगा हुआ था करीब दो मिनट बाद यूसुफ ने अपनी दो उंगलियों को सदफ़ की चूत में घुसा दिया और थोड़ा सा मोड कर अन्दर बाहर करने लगा उसकी जीभ अभी भी सदफ को चूत पर थी, यूसुफ की इस हरकत से सदफ तड़प गई उसके मुंह से मादक स्वर में निकला बस..... आह.... अब रहा नहीं जाता.... आह..... सदफ ने अपने दोनों हाथों को बिच लिया था और सदफ फिर से झड़ गई।
करीब पंद्रह मिनट बाद अभिनव ने अपना सारा पानी निकाल दिया। और सदफ के बगल में आकर लेट गया। सदफ ने बुर्का पहना और में उसको कार में बैठा उसके घर छोड़ आया।
सदफ अपने कमरे में जाते ही बुर्का उतारा और एक कपड़े से अपने आप को पूछा वीर्य के निशान साफ किए और वापस कपड़े पहन बिस्तर पर लेट गई।
और यही सबसे बड़ी गलती हुई जिस यूसुफ से बचने के चक्कर मे सदफ अभिनव से चूद कर आई थी वो बैठा रूम में सब देख रहा था ।
अगले दिन सुबह की नमाज पूरी होते ही यूसुफ सदफ के कमरे में आया इतनी सुबह यूसुफ को अपने कमरे में देख सदफ सकपका गई, यूसुफ सदफ के बिस्तर पर अपना पजामा उतार लेट गया। और सदफ को लेटने का इशारा किया।
सदफ को लगा शायद उसको कल नंगी देख ये ज्यादा उत्तेजित हो गया होगा, पर वो धीरे आवाज में बोला जल्दी आकर लेट ज्यादा वक्त नहीं है हमारे पास।
सदफ बोली नीचे जाओ तुम अभी पजामा पहन कर। इस पर यूसुफ ने सदफ के हाथ को पकड़ बिस्तर पर लिटाया और उसके कान में कुछ बोला उसके बोलते ही सदफ ने अपनी सलवार का नाडा खोल दिया और बिस्तर में उसके पास जाकर लेट गई।
यूसुफ ने अपने होंठों को सदफ के होंठों पर रखकर अपना मूसल सदफ की चूत में घुसा दिया। सदफ की चीख उसके मुंह में ही रह गई। करीब पांच मिनट बाद यूसुफ ने पिचकारी सदफ को चूत में मार दी। और निढाल होकर पड़ गया।
इतनी सुबह जबरदस्त चुदाई से सदफ़ का रोम रोम दुःख रहा था। यूसुफ सदफ की चूचियों को दबा रहा था और उसकी पीठ चूम रहा था, सदफ जानती थी कि वो राउंड टू की तैयारी कर रहा है, यूसुफ ने सदफ के पैरों को मोड़ कर उसके पेट पर रख दिया जिससे उसकी चूत की फांके खुल गई यूसुफ नीचे झुककर सदफ की चूत चाटने लगा सदफ का जिस्म काप रहा था थोड़ी देर में सदफ कमर ऊपर कर अपनी चूत उसके मुंह पर रगड़ने लगी, यूसुफ ने दोनों हाथों से सदफ की कमर को पकड़ सदफ को चूत को और जोश से चाटने लगा कुछ ही देर में सदफ ने जिस्म ने छटपटा कर सारा पानी उसके मुंह पर निकाल दिया।
यूसुफ अभी भी सदफ की चूत चाट रहा था , सदफ निढाल हो पड़ी थी पर यूसुफ लगा हुआ था करीब दो मिनट बाद यूसुफ ने अपनी दो उंगलियों को सदफ़ की चूत में घुसा दिया और थोड़ा सा मोड कर अन्दर बाहर करने लगा उसकी जीभ अभी भी सदफ को चूत पर थी, यूसुफ की इस हरकत से सदफ तड़प गई उसके मुंह से मादक स्वर में निकला बस..... आह.... अब रहा नहीं जाता.... आह..... सदफ ने अपने दोनों हाथों को बिच लिया था और सदफ फिर से झड़ गई।


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