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Adultery Mother Secret Affair..2
#12
अब अगला भाग ............ एक चाहने वाला 


मैं शालिनी सिंह हूँ,मैं फिर से हाज़िर हूँ । बात 12 जनवरी, 2022 की है । मैं अपने पति के साथ उनके काम के सिलसिले में विशाखापत्तनम , आंधप्रदेश गई थी।

पहले तो सोचा कि ट्रेन से चलते हैं पर बाद में इन्होंने कहा कि नहीं, घूमते-घूमते चलेंगे । अतः हम दोनों अपनी गाड़ी से रांची से भुवनेश्वर पहले गए और फिर वहाँ से विशाखापत्तनम की ओर चल दिए।

सारे रास्ते हम बहुत ही मज़े करते हुए गए। जब हम विशाखापत्तनम में थे तो मेरे पति को फोन आया कि जिस काम के लिए वह आये है वह किसी वज़ह से रद्द हो गई है और अब वह 2 दिनों के बाद यानि 14 जनवरी को होगी क्योंकि अधिकारी अभी नहीं आये है , तो हम दोनों ने सोचा चलो दो दिन विशाखापत्तनम घुमेंगे 

अतः हम एक होटल राधिका पैलेस में रूक गए। अच्छा और ख़ूबसूरत होटल था। काम वाले दिन मेरे पतिदेव जी मुझे होटल में छोड़कर, शाम में आने का कहकर चले गए।

उस वक्त मैं अपने बिस्तर में लेटी हुई थी और मेरे बदन पर सिर्फ एक रेशमी नाईटी थी जिसमें मेरा बदन छुप कम और दिख ज़्यादा रहा था। खैर मेरे पति के चले जाने के बाद मैं बिस्तर पर बैठ टीवी देखती रही, फिर मैंने फोन पर चाय का ऑर्डर दिया।

10 मिनटों के बाद चाय आई और जो लड़का चाय लेकर आया, मैंने देखा वो मुझे घूर रहा था। जब मैंने अपनी ओर ध्यान दिया तो पाया कि नाईटी के नीचे खिसक जाने से मैं तो ऊपर से लगभग नंगी ही लग रही थी। मेरी गोल-मटोल, गोरी-गोरी चूचियों के सिर्फ निप्पल ही ढके थे बाकी ऊपर का सारा बाहर झाँक रहा था।

मैं भी मज़े लेने की मारी, जान-बूझकर लेटी रही और वेटर को घूरते देखती रही। जब वेटर ने 2-3 बार पूछा- मैडम, और कुछ लेंगी तब मैंने भी पलट कर जवाब दिया- और क्या है तुम्हारे पास देने को, अगर कोई दमदार चीज़ है तो बाताओ।’ पर वह झेंप गया और थैंक यू मैम कह कर चला गया।

चाय पीने के बाद मैं नहाने चली गई, नहाकर तरो-ताज़ा होकर मैं बाज़ार को निकल गई और बाज़ार में इधर-उधर फालतू की शॉपिंग करती रही। करीब 12 बजे मैं वापिस होटल में आ गई।

थोड़ी देर बिस्तर पर लेट कर फिर टीवी देखा, पर मुझे तो टीवी भी बोर कर रहा था, तो मैंने अपना लैपटॉप उठाया और अपनी ट्विटर अकाउंट चलाने लगी और मैसेज चेक करते-करते मुझे अपने एक फॉलोवर ‘लव अफेयर ’ कका मैसेज मिला।

वह विशाखापत्तनम में ही रहता था, मैंने सोचा ये मज़ा करने का अच्छा मौक़ा है अगर अच्छा नौजवान हुआ तो ठीक है नहीं तो वैसे ही मिलकर चाय पिलाकर वापिस भेज दूँगी। अतः मैंने ट्विटर अकाउंट में से उसका मोबाईल नम्बर लेकर उसे कॉल किया।

वह भी खाली था तो बोला- अरे शालिनी जी आप कहें और हम ना आएँ, ये कैसे हो सकता है, बताईए कहाँ आना है?’ जब मैंने होटल का नाम बताया तो वह बोला- अरे मैं तो आपके बिल्कुल नज़दीक हूँ, बस 5 मिनट में ही पहुँच जाता हूँ।’

ठीक 5 मिनट बाद मेरे रूम का दरवाज़े पर दस्तक हुई, जब मैंने दरवाज़ा खोला तो सामने एक संजीदा, आकर्षक, 30-32 साल का नौजवान, 5’8′ का क़द, सुन्दर चेहरा, हाथों में फूलों का गुच्छा लिए मेरे सामने खड़ा था, हाथ मिलाया तो उसने दोनों हाथों से मेरा हाथ दबाया और हम अन्दर आकर सोफ़े पर बैठ गए।

कुछ देर हम इधर-उधर की एक दूसरे के बारे में बातें करते रहे।
फिर मैंने पूछा- क्या पीओगे?’
तो उसने मेरी चूचियों को देखते हुए कहा- जो आप प्यार से पिला दें!

मैं भी उसका इशारा समझ गई थी। ख़ैर मैंने वेटर को चिकेन लॉलीपॉप और दो ठंडी बीयर लाने का ऑर्डर दिया।
फिर मैंने उससे पूछा ‘अरे तुम अपना नाम तो बताओ।’
वो बोला- जो आप रख दें, वहीं मेरा नाम !’
मैंने कहा- रंजन चलेगा?’
वो बोला- बिल्कुल !’

बातचीत के दौरान मैं महसूस कर रही थी कि रंजन की इच्छा हो रही थी कि बस दो मिनट में वो मेरी साड़ी फाड़कर मुझे चोद के रख दे। पर मैंने देखा कि उसकी बातचीत बड़ी संतुलित थी, उसने एक बार भी घटिया भाषा का या गन्दे इशारे का इस्तेमाल नहीं किया, पर उसकी आँखें मेरी ब्लाऊज़ से झाँक रहीं मेरी चूचियों पर ही टिकी थीं।

मैंने भी उसकी इच्छा पूरी करने के लिए अपना पल्लू नहीं सँभाला और उसको नेत्र-भोजन करवा रही थी।

तभी डोर-बेल बजी, वेटर ऑर्डर लेकर आ गया। हम दोनों ने साथ बैठकर बीयर पी और चिकेन भी खाया। जैसे बीयर का सुरूर चढ़ता गया हम दोनो ज़्यादा खुलते गए, जो दूर-दूर बैठे थे बिल्कुल क़रीब होकर बैठ गए, फिर बातों-बातों में क्रिश ने मेरा हाथ पकड़ कर चूम लिया।

मैंने कहा- यह तो वो बात हो गई कि जो सारी गाड़ी चुरा सकता था, सिर्फ एक टायर चुराकर ही खुश हो गया लगता है !’

मेरी बात सुनकर रंजन ने मुझे अपनी गोद में बिठा लिया। अब मेरा सिर उसकी गोद में था और उसने बड़े प्यार से मेरे बालों को सहलाते हुए मेरे गालों पर किस करना शुरू किया।

किस्सिंग में रंजन मुझे थोड़ा बदमाश लगा क्योंकि वो तो मेरे होठों को खा ही जाता था। किस्सिंग करते-करते उसने अपना एक हाथ मेरी चूचियों पर रखा और दबाने लगा। मुझे भी मज़ा आने लगा और मैंने अपनी जीभ उसके मुँह में डाल दी जिसे उसने बड़े प्यार से अन्दर खींच लिया और चूसने लगा।

फिर उसने मुझसे कहा- शालिनी , अब सब्र नहीं होता, मैं तुम्हें पूरी नंगी देखना चाहता हूँ।’
मैंने कहा- तुम्हारी गोद मैं लेटी हूँ, सारी की सारी तुम्हारी हूँ, जो चाहे कर लो, मैं मना थोड़े ही करूँगी।’

मेरी मंज़ूरी मिलने के बाद उसने एक-एक करके मेरे ब्लाऊज़ के बटन खोले और मेरा ब्रा के ऊपर से ही मेरी चूचियों को चूमा, दबाया और फिर मेरे ब्रा की हुक खोल कर मेरी दोनों चूचियों को आज़ाद किया। मेरी दोनों छातियों को बारी-बारी से अपने हाथों में लेकर दबाया और चूचुकों को मुँह में लेकर चूसा, जिससे मेरे चूचुक कड़े हो गए।

आनन्द के मारे मेरे मुँह से ‘ओहहह, आआहह, उफ्फ्फ, स्स्स्स्सीसीसी’ जैसी आवाज़ें निकल रहीं थीं। मेरी चूचियाँ चूसते-चूसते रंजन ने मेरी पेटीकोट और साड़ी टाँगों से उठाकर मेरी टाँगों, जाँघों और मेरी चूत पर हाथ फिराना शुरू किया। मेरी चूत पानी छोड़-छोड़ कर गीली हुई पड़ी थी।

मैंने कहा- मेरा तो सारा सामान देख लिया, अब अपना भी कुछ दिखाओ,’
यह सुनकर रंजन बोला- जानेमन, सब तुम्हारा ही तो है।’
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Mother Secret Affair..2 - by Puja3567853 - 10-02-2025, 01:40 PM
Mother secret affair 2 - by Puja3567853 - 12-02-2025, 08:02 AM
Mother secret affair 2 - by Puja3567853 - 12-02-2025, 08:06 AM
Mother Secret affair 2 - by Puja3567853 - 14-02-2025, 12:41 PM
RE: XXX: Uncensored Story - by Puja3567853 - 20-02-2025, 11:15 AM
RE: XXX: Uncensored Story - by Puja3567853 - 20-02-2025, 11:47 AM
RE: XXX: Uncensored Story - by momass - 05-03-2025, 08:32 AM
RE: XXX: Uncensored Story - by Puja3567853 - 19-04-2025, 11:56 AM
RE: XXX: Uncensored Story - by Puja3567853 - 19-04-2025, 12:04 PM
Mother Secret affair 2 - by Puja3567853 - 20-04-2025, 07:40 AM
RE: Mother Secret Affair........... 2 - by Xossiy - 12-05-2025, 12:01 PM
RE: Mother Secret Affair........... 2 - by Xossiy - 13-05-2025, 03:21 PM
RE: Mother Secret Affair..2 - by Puja3567853 - 08-10-2026, 10:45 PM



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