14-09-2021, 03:14 PM
(This post was last modified: 05-07-2022, 03:57 PM by neerathemall. Edited 1 time in total. Edited 1 time in total.)
मेरी नजरों ने सीधे उनकी चूचियों पर ही निशाना साधा. चूंकि उन्होंने ब्रा नहीं पहनी थी, तो उनकी चूचियों का उभार काफी बड़ा लग रहा था.
उन्होंने भी मुझ पर नजर मारी, मेरा तना हुआ लंड उनकी आंखों ने भर कर देख लिया. उन्होंने मेरी नशीली आंखें भी देखीं.
मैं उन्हें देख कर पानी लेकर ऊपर चला गया.
मेरी चचेरी दीदी की एक बहुत अच्छी आदत थी कि सुबह के काम निपटा कर नहा धोकर ही बाकी सारे काम शुरू करती थीं.
वो नहा कर पहले ऊपर छत पर आतीं, मुझे जगातीं … और धोये हुए कपड़े सूखने के लिए फैलाकर नीचे जाती थीं.
अब एक बार दीदी ने मेरा खड़ा लंड देख लिया था, तो उन्होंने अगले दिन कई बार मेरे लंड पर नजर मारी. मैंने भी उनकी तनी हुई चूचियों पर अपनी कामुक नजर फेरी.
ये छठे दिन की बात है. दीदी काम करते करते सीधे बोलीं- तुम्हारी गर्लफ्रेंड है ना … तभी रात में बात करने के लिए ऊपर छत पर सोते हो!
मैं मुस्कुरा दिया और नहाने चला गया.
उन्होंने भी मुझ पर नजर मारी, मेरा तना हुआ लंड उनकी आंखों ने भर कर देख लिया. उन्होंने मेरी नशीली आंखें भी देखीं.
मैं उन्हें देख कर पानी लेकर ऊपर चला गया.
मेरी चचेरी दीदी की एक बहुत अच्छी आदत थी कि सुबह के काम निपटा कर नहा धोकर ही बाकी सारे काम शुरू करती थीं.
वो नहा कर पहले ऊपर छत पर आतीं, मुझे जगातीं … और धोये हुए कपड़े सूखने के लिए फैलाकर नीचे जाती थीं.
अब एक बार दीदी ने मेरा खड़ा लंड देख लिया था, तो उन्होंने अगले दिन कई बार मेरे लंड पर नजर मारी. मैंने भी उनकी तनी हुई चूचियों पर अपनी कामुक नजर फेरी.
ये छठे दिन की बात है. दीदी काम करते करते सीधे बोलीं- तुम्हारी गर्लफ्रेंड है ना … तभी रात में बात करने के लिए ऊपर छत पर सोते हो!
मैं मुस्कुरा दिया और नहाने चला गया.
जिंदगी की राहों में रंजो गम के मेले हैं.
भीड़ है क़यामत की फिर भी हम अकेले हैं.
