29-01-2019, 11:45 PM
शिल्पा को अपनी चूत में बहुत जोर की गुदगुदी हो रही थी। वो चाहती थी की ठाकुर उसकी चूत में अपना लण्ड अंदर-बाहर करे। ठाकुर का सवाल सुनकर उसने जल्दी से कहा- “आप अपना वो इंडा अंदर-बाहर करें ना हमें अपनी चूत में बहुत गुदगुदी हो रही है...”
ठाकुर ने अपने लण्ड को बाहर खींचते हुए फिर से एक हल्का धक्का लगाते हुए शिल्पा की चूत को चोदते हुए कहा- “इसे डंडा नहीं लण्ड बोलते हैं। तुम्हें मेरा लण्ड अपनी चूत में लेना है...”
शिल्पा- “आअह्ह्ह... हाँ हमें आपका लण्ड अपनी चूत में चाहिये.." शिल्पा को अपनी चूत में ठाकुर के लण्ड की रगड़ पागल बना रही थी।
ठाकुर शिल्पा की बात सुनकर उसकी चूत में अपना आधा लण्ड बहुत जोर से अंदर-बाहर करते हुए कहने लगाशिल्पा तुम्हें मजा आ रहा है?”
शिल्पा भी अपने चूतड़ों को जोर से ठाकुर के लण्ड पर उछालती हुई बोली- “हाँ ठाकुर साहब, हमें बहुत मजा आ रहा है। हमें नहीं पता था की इस खेल में इतना मजा आता है, हम आपकी गुलाम बन गई हैं। आप हमें डेली ऐसे ही मजा देते रहना...”
ठाकुर शिल्पा की बात सुनकर उसकी चूत में बहुत जोर के धक्के लगाने लगा, शिल्पा की साँसें उखड़ने लगी, और वो जोर से हाँफते हुए मजे से हवा में उड़ने लगी। अचानक उसका बदन अकड़ने लगा और उसकी चूत बहुत जोर के झटके खाते हुए ठाकुर के लण्ड पर पानी बहाने लगी- “आहहह... ईष्टह्ह..” शिल्पा के मुँह से बहुत जोर की सिसकियां निकालने लगी और वो अपनी आँखें बंद करके झड़ने का मजा लेने लगी।
ठाकुर शिल्पा को झड़ता हुआ देखकर अपनी पूरी ताकत के साथ उसे चोदने लगा और शिल्पा की चूत में अपना लण्ड अंदर-बाहर करते हुए थोड़ा-थोड़ा करके और अंदर डालने लगा। शिल्पा ने जब आँखें खोली तो ठाकुर का लण्ड केवल दो इंच बाहर था। ठाकुर ने शिल्पा की टाँगों को पकड़ते हुए बहुत जोर के दो-तीन धक्के मारकर अपना पूरा लण्ड शिल्पा की चूत में घुसा दिया।
“ओई आह्ह...” करके शिल्पा फिर से छटपटाने लगी।
ठाकुर शिल्पा के ऊपर झुकते हुए उसकी चूचियों को अपने हाथों से मसलते हुए अपने होंठों से उसके होंठ चूसने लगा और नीचे से अपने लण्ड से उसकी चूत भी चोदने लगा। शिल्पा इस हमले से फिर से गरम होने लगी और अपना दर्द भुलाकर ठाकुर का साथ देते हुए उसके होंठ चूसते हुए अपने चूतड़ उसके लण्ड पर उछालने लगी।
ठाकुर ने बहुत तेजी के साथ उसकी चूत में धक्के लगाते हुए अपनी जीभ को शिल्पा के मुँह में डाल दिया। शिल्पा ने ठाकुर की जीभ को चाटते हुए अपनी जीभ को उसके मुँह में डाल दिया। ठाकुर बहुत उत्तेजित हो गया था वो कुछ देर तक शिल्पा की जीभ को चाटने के बाद उसके ऊपर से उठते हुए बहुत जोर के धक्के लगाते हुए हाँफने लगा। ठाकुर शिल्पा के झड़ते ही बहुत जोर से हाँफते हुए उसकी चूत को अपने वीर्य से भरने लगा।
शिल्पा ठाकुर का वीर्य अपनी चूत में पड़ते ही बहुत जोर से- “आह्ह्ह... इस्स्स्स... ऊह्ह..” चिल्लाते हुए झड़ने लगी। शिल्पा झड़ते हुए हवा में उड़ रही थी। उसकी चूत से जाने कितनी देर तक पानी निकलता रहा, और ठाकुर भी जाने कितनी देर तक उसकी चूत में झड़ता रहा। फिर दोनों निढाल होकर एक दूसरे के ऊपर लेट गये। ठाकुर थोड़ी देर तक शिल्पा के ऊपर निढाल पड़ा रहा।
कुछ देर बाद शिल्पा ने आँखें खोली तो ठाकुर ने प्यार से उसके होंठों को चूम लिया। शिल्पा ने ठाकुर को अपने ऊपर से हटाते हुए बेड पर लेटा दिया और खुद बेड पर बैठकर अपनी आँखों पर अपने हाथ रखते हुए रोने लगी।
ठाकुर शिल्पा को रोता हुआ देखकर बेड से उठते हुए उसके हाथों को उसकी आँखों से दूर कर दिया। शिल्पा की मोटी-मोटी आँखों से आँसू निकालकर उसके गालों से होते हुए नीचे बेड पर गिर रहे थे। ठाकुर ने शिल्पा से कहातुम क्यों रो रही हो...”
शिल्पा ने ऐसे ही रोते हुए कहा- “हमसे गलती हो गई। हमारे साथ अब शादी कौन करेगा? हमने अपनी इज्जत आपके हवाले कर दी...”
ठाकुर ने अपने हाथों से शिल्पा की मोटी आँखों से बहते हुए आँसू को साफ करते हुए कहा- “पगली तुमसे किसने कहा की तुम्हारे साथ कोई शादी नहीं करेगा, मैं किसी को भी नहीं बताऊँगा की हामारे बीच क्या हुआ है? और अगर तुमसे किसी ने शादी नहीं की तो क्या हुआ तुम सारी जिंदगी हमारे साथ रहना। हम तुमको सारी जिंदगी ऐसे ही प्यार करते रहेंगे..."
शिल्पा ने ठाकुर की बात सुनकर उसके गले से लगाते हुए कहा- “सच में आप सारी उमर हमें ऐसे ही प्यार करते रहेंगे?”
ठाकुर ने शिल्पा को अपनी बाहों में जोर से दबाते हुए कहा- “हाँ हम आपसे सारी उमर ऐसे ही प्यार करते रहेंगे...”
ठाकुर ने अपने लण्ड को बाहर खींचते हुए फिर से एक हल्का धक्का लगाते हुए शिल्पा की चूत को चोदते हुए कहा- “इसे डंडा नहीं लण्ड बोलते हैं। तुम्हें मेरा लण्ड अपनी चूत में लेना है...”
शिल्पा- “आअह्ह्ह... हाँ हमें आपका लण्ड अपनी चूत में चाहिये.." शिल्पा को अपनी चूत में ठाकुर के लण्ड की रगड़ पागल बना रही थी।
ठाकुर शिल्पा की बात सुनकर उसकी चूत में अपना आधा लण्ड बहुत जोर से अंदर-बाहर करते हुए कहने लगाशिल्पा तुम्हें मजा आ रहा है?”
शिल्पा भी अपने चूतड़ों को जोर से ठाकुर के लण्ड पर उछालती हुई बोली- “हाँ ठाकुर साहब, हमें बहुत मजा आ रहा है। हमें नहीं पता था की इस खेल में इतना मजा आता है, हम आपकी गुलाम बन गई हैं। आप हमें डेली ऐसे ही मजा देते रहना...”
ठाकुर शिल्पा की बात सुनकर उसकी चूत में बहुत जोर के धक्के लगाने लगा, शिल्पा की साँसें उखड़ने लगी, और वो जोर से हाँफते हुए मजे से हवा में उड़ने लगी। अचानक उसका बदन अकड़ने लगा और उसकी चूत बहुत जोर के झटके खाते हुए ठाकुर के लण्ड पर पानी बहाने लगी- “आहहह... ईष्टह्ह..” शिल्पा के मुँह से बहुत जोर की सिसकियां निकालने लगी और वो अपनी आँखें बंद करके झड़ने का मजा लेने लगी।
ठाकुर शिल्पा को झड़ता हुआ देखकर अपनी पूरी ताकत के साथ उसे चोदने लगा और शिल्पा की चूत में अपना लण्ड अंदर-बाहर करते हुए थोड़ा-थोड़ा करके और अंदर डालने लगा। शिल्पा ने जब आँखें खोली तो ठाकुर का लण्ड केवल दो इंच बाहर था। ठाकुर ने शिल्पा की टाँगों को पकड़ते हुए बहुत जोर के दो-तीन धक्के मारकर अपना पूरा लण्ड शिल्पा की चूत में घुसा दिया।
“ओई आह्ह...” करके शिल्पा फिर से छटपटाने लगी।
ठाकुर शिल्पा के ऊपर झुकते हुए उसकी चूचियों को अपने हाथों से मसलते हुए अपने होंठों से उसके होंठ चूसने लगा और नीचे से अपने लण्ड से उसकी चूत भी चोदने लगा। शिल्पा इस हमले से फिर से गरम होने लगी और अपना दर्द भुलाकर ठाकुर का साथ देते हुए उसके होंठ चूसते हुए अपने चूतड़ उसके लण्ड पर उछालने लगी।
ठाकुर ने बहुत तेजी के साथ उसकी चूत में धक्के लगाते हुए अपनी जीभ को शिल्पा के मुँह में डाल दिया। शिल्पा ने ठाकुर की जीभ को चाटते हुए अपनी जीभ को उसके मुँह में डाल दिया। ठाकुर बहुत उत्तेजित हो गया था वो कुछ देर तक शिल्पा की जीभ को चाटने के बाद उसके ऊपर से उठते हुए बहुत जोर के धक्के लगाते हुए हाँफने लगा। ठाकुर शिल्पा के झड़ते ही बहुत जोर से हाँफते हुए उसकी चूत को अपने वीर्य से भरने लगा।
शिल्पा ठाकुर का वीर्य अपनी चूत में पड़ते ही बहुत जोर से- “आह्ह्ह... इस्स्स्स... ऊह्ह..” चिल्लाते हुए झड़ने लगी। शिल्पा झड़ते हुए हवा में उड़ रही थी। उसकी चूत से जाने कितनी देर तक पानी निकलता रहा, और ठाकुर भी जाने कितनी देर तक उसकी चूत में झड़ता रहा। फिर दोनों निढाल होकर एक दूसरे के ऊपर लेट गये। ठाकुर थोड़ी देर तक शिल्पा के ऊपर निढाल पड़ा रहा।
कुछ देर बाद शिल्पा ने आँखें खोली तो ठाकुर ने प्यार से उसके होंठों को चूम लिया। शिल्पा ने ठाकुर को अपने ऊपर से हटाते हुए बेड पर लेटा दिया और खुद बेड पर बैठकर अपनी आँखों पर अपने हाथ रखते हुए रोने लगी।
ठाकुर शिल्पा को रोता हुआ देखकर बेड से उठते हुए उसके हाथों को उसकी आँखों से दूर कर दिया। शिल्पा की मोटी-मोटी आँखों से आँसू निकालकर उसके गालों से होते हुए नीचे बेड पर गिर रहे थे। ठाकुर ने शिल्पा से कहातुम क्यों रो रही हो...”
शिल्पा ने ऐसे ही रोते हुए कहा- “हमसे गलती हो गई। हमारे साथ अब शादी कौन करेगा? हमने अपनी इज्जत आपके हवाले कर दी...”
ठाकुर ने अपने हाथों से शिल्पा की मोटी आँखों से बहते हुए आँसू को साफ करते हुए कहा- “पगली तुमसे किसने कहा की तुम्हारे साथ कोई शादी नहीं करेगा, मैं किसी को भी नहीं बताऊँगा की हामारे बीच क्या हुआ है? और अगर तुमसे किसी ने शादी नहीं की तो क्या हुआ तुम सारी जिंदगी हमारे साथ रहना। हम तुमको सारी जिंदगी ऐसे ही प्यार करते रहेंगे..."
शिल्पा ने ठाकुर की बात सुनकर उसके गले से लगाते हुए कहा- “सच में आप सारी उमर हमें ऐसे ही प्यार करते रहेंगे?”
ठाकुर ने शिल्पा को अपनी बाहों में जोर से दबाते हुए कहा- “हाँ हम आपसे सारी उमर ऐसे ही प्यार करते रहेंगे...”